दिल्ली
*एनएच-107, नए 6 लेन एक्सप्रेस-वे, आरओबी निर्माण और अधूरी परियोजनाओं को लेकर सौंपा विस्तृत ज्ञापन, कई महत्वपूर्ण मांगों पर मिली सकारात्मक सहमति*
पूर्णिया के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से शिष्टाचार मुलाकात कर कोसी-सीमांचल एवं अंग क्षेत्र की लंबित सड़क परियोजनाओं, राष्ट्रीय राजमार्गों की बदहाल स्थिति तथा नई संपर्क योजनाओं को लेकर विस्तृत ज्ञापन सौंपा। इस दौरान उन्होंने वर्षों से लंबित महत्वपूर्ण परियोजनाओं को शीघ्र शुरू कराने और अधूरे कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा कराने की मांग की।
सांसद पप्पू यादव ने मंत्री को परसमा (सुपौल) से तरावे चौक, सिंहेश्वर, केवटगामा चौक, खुर्दा एवं चकमका (मधेपुरा) होते हुए बनमनखी तक राष्ट्रीय राजमार्ग-107 से जोड़ने की पूर्व स्वीकृत योजना का निर्माण कार्य जल्द प्रारंभ कराने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि स्वीकृति मिलने के बावजूद यह परियोजना वर्षों से लंबित है, जिससे क्षेत्र की जनता को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि इस सड़क के निर्माण से पूर्णिया, सुपौल, मधेपुरा, बनमनखी सहित पूरे कोसी-सीमांचल क्षेत्र की लाखों आबादी को बेहतर आवागमन की सुविधा मिलेगी। शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, व्यापार और प्रशासनिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी तथा ग्रामीण क्षेत्रों का सीधा संपर्क राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क से स्थापित होगा।
मुलाकात के उपरांत सांसद ने जानकारी दी कि राजमहल (झारखंड) से गंगा नदी पार कर कटिहार, प्राणपुर, डगरुआ और बायसी होते हुए बहादुरगंज तक प्रस्तावित 6 लेन एक्सप्रेस-वे को स्वीकृति मिल गई है। यह एक्सप्रेस-वे आगे गोरखपुर-सिलीगुड़ी एक्सप्रेस-वे से जुड़ेगा, जिससे बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल तथा पूर्वोत्तर भारत के बीच आवागमन और व्यापारिक गतिविधियों को अभूतपूर्व गति मिलेगी। उन्होंने इसे सीमांचल के विकास के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताया।
सांसद पप्पू यादव ने केंद्रीय मंत्री का ध्यान राष्ट्रीय राजमार्ग-107 (वर्तमान एनएच-231) की ओर भी आकृष्ट कराया। लगभग 177 किलोमीटर लंबी और करीब 1,400 करोड़ रुपये की लागत वाली यह परियोजना महेशखूंट, सहरसा, मधेपुरा और पूर्णिया को जोड़ती है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2001 में शिलान्यास होने तथा 2018 में निर्माण शुरू होने के बावजूद 25 वर्ष बाद भी परियोजना अधूरी है। कई पुल, रेलवे ओवरब्रिज तथा सड़क निर्माण कार्य अब तक लंबित हैं, जिससे लोगों को भारी परेशानी हो रही है।
उन्होंने परियोजना में कथित अनियमितताओं तथा कार्य में हो रही अत्यधिक देरी की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग भी उठाई। विशेष रूप से पूर्णिया-सहरसा सड़क निर्माण में कार्यरत ठेकेदारों की भूमिका की जांच कराने की मांग पर केंद्रीय मंत्री ने सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
सांसद ने पूर्णिया लोकसभा क्षेत्र के विभिन्न राष्ट्रीय राजमार्गों पर आवश्यक रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) निर्माण का मुद्दा भी प्रमुखता से रखा। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में प्रस्तावित सभी आरओबी के टेंडर को स्वीकृति मिल चुकी है, जिससे वर्षों से लंबित रेल फाटकों पर जाम और दुर्घटनाओं की समस्या के समाधान का मार्ग प्रशस्त हो गया है।
मुलाकात के बाद सांसद पप्पू यादव ने कहा कि कोसी-सीमांचल वर्षों से आधारभूत संरचना के क्षेत्र में उपेक्षा का शिकार रहा है। उनकी प्राथमिकता क्षेत्र को मजबूत सड़क संपर्क उपलब्ध कराना है, ताकि उद्योग, व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के नए अवसर विकसित हो सकें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के सकारात्मक सहयोग से इन महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर शीघ्र कार्य शुरू होगा और क्षेत्र के विकास को नई दिशा मिलेगी।










